गुरुवार, 6 सितंबर 2018

रामचरितमानस हिंदी में सारांश

सितंबर 06, 2018

                    रामचरितमानस का पाठ हिंदी में सारांश
सो0_जो सुमिरत सिधि होइ गणनायक करवर सदन. करो अनुग्रह सोईबुद्धि रासि सुभ गुन सदन
हिन्दी. जिन्हें स्मरण करने से सर्व कार्य सिद्ध होते हैं जो गणों के स्वामी और सुंदर हाथों के मुख वाले हैं वही बुद्धि के राशि और शुभ गुणों का धाम श्री गणेश जी मुझ पर कृपा करें  मूक होई वाचाल पंगु चढ़ै गिरिवरगहन जिनकी कृपा से गूंगा बहुत सुंदर बोलने वाला हो जाता है और लंगड़ा लूला दुर्गम पहाड़ पर चढ़ जाता है देख कलयुग के सब पापों को जला डालने वाले दयालु भगवान मुझ पर दया करें जो नीलकमल के समान श्याम वर्ण है पूर्ण खिले हुए लाल कमल के समान जिनके नेत्र हैं और जो सदा छीरसागर सेन करते हैं देव भगवान नारायण मेरे हृदय में निवास करते हैं जिनका कुंड के पुष्प और चंद्रमा के समान गौर शरीर है जो पार्वती जी के प्रियतम और दया के धाम है और जिनका दिनों पर स्नेह है कामदेव का मर्दन करने वाले शंकर जी मुझ पर कृपा करें मैं उन गुरु महाराज के चरण कमल की वंदना करता हूं जो कृपा के समुद्र और नर रूप में श्रीहरि ही है और जिनके बच्चन महा मोहे रूपी घने अंधकार के नाश करने वाले सूर्य की किरणों के समान हैं ऐसे हरि को मैं बारंबार प्रणाम करता हूं मैं गुरु महाराज के चरण कमलों की रज की वंदना करता हूं जो सुरुचि सुंदर स्वभाव सुगंध तथा अनुराग रूपी रस में पूर्ण है और अमर मूल संजीवनी जड़ी का सुंदर चूर्ण है संपूर्ण भैरव को नाश करने वाले श्रीहरि को मैं बारंबार प्रणाम करता हूं   

राजू महाराज ओरछा आपको हिंदी में रामचरितमानस का सारांश अवगत कराऊंगा जय श्री राम ओरछा धाम

Written by

We are Creative Blogger Theme Wavers which provides user friendly, effective and easy to use themes. Each support has free and providing HD support screen casting.

0 टिप्पणियाँ:

एक टिप्पणी भेजें

 

© 2013 s.k.pathak. All rights resevered. Designed by Templateism | Blogger Templates

Back To Top